पर्यावरण के लिए सुरक्षित भारत में लांच पहली इलेक्ट्रिक कार…


पर्यावरण के लिए सुरक्षित भारत में लांच पहली इलेक्ट्रिक कार चर्चा में है। देश की बड़ी कार निर्माता कंपनी Hyundai ने भारत में पहली इलेक्ट्रिक SUV Hyundai Kona को लांच कर दिया है। ये फुली इलेक्ट्रिक SUV है।

Kona Electric भारतीय बाजार में Phantom Black, Polar White, Marina Blue, Typhoon Silver और Phantom Black Roof के साथ Polar White

कलर वेरिएंट्स में उपलब्ध है। Hyundai Kona में बेहतर एक्सपीरियंस के लिए तीन ड्राइविंग मोड्स दिए गए हैं। इनमें ECO/ECO+, COMFORT & SPORT शामिल हैं।

आज हम आपको इस इलेक्ट्रिक SUV से जुड़ी सभी बड़ी बातों के बारे में बताने जा

Hundai Kona EV 2019

रहे हैं, जिसमें फीचर्स से लेकर कीमत तक शामिल हैं।
आइये कुछ और इस इलेक्ट्रिक SUV से जुड़ी सभी बड़ी बातों के बारे में जानते हैं :
Kona Electric एक बार फुल चार्ज करने पर ४५२ किलोमीटर का सफर तय करती है।

  1. परफॉर्मेंस :
    Kona Electric में पावर के लिए परमानेंट मैगनेट सिंक्रोनस मोटर (PMSM) दिया है। इसका मोटर १३६ PS की मैक्सिमम पावर और ४०.२७ kgm का पीक टॉर्क जेनरेट करता है।
  2. ट्रांसमिशन :
    Kona Electric में सिंगल स्पीड रिडक्शन गियर ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन दिया गया है।
  3. सस्पेंशन :
    Hyundai Kona के फ्रंट में McPherson Strut टाइप दिया है। वहीं,
  4. इसके रियर में Multi Link सस्पेंशन दिया है।
  5. ब्रेकिंग :
    Hyundai Kona के फ्रंट और रियर में डिस्क ब्रेक लगा है।
  6. डायमेंशन :
    Kona Electric की लंबाई ४१८० मिलीमीटर, चौड़ाई १८०० मिलीमीटर, ऊंचाई १५७० मिलीमीटर है। इसका व्हीलबेस २६०० मिलीमीटर है।
  7. कीमत :
    कंपनी ने इसे २५.३० लाख रुपये की एक्स-शोरूम कीमत में लॉन्च किया है।
  8. इंफोटेनमेंट :
    Kona Electric में रेडियो, यूएसबी (USB) और ऑक्स (AUX) के साथ १७.७७ सेंटीमीटर का टचस्क्रीन डिस्प्ले ऑडियो दिया गया है। इसमें चार्ज मैनेजमेंट, एनर्जी इनफॉर्मेशन, एनर्जी कन्जमशन जैसे फीचर्स दिए गए हैं। इसके अलावा इसमें स्टीयरिंग माउंटेड ऑडियो एंड ब्लूटूथ कंट्रोल्स मिलेगा। यह कार एप्पल कारप्ले, एंड्रॉयड ऑटो के साथ वॉयस रिक्गनिशन को सपोर्ट करती है।
    1. सेफ्टी :
      Hyundai Kona में 6 एयरबैग्स, EBD के साथ ABS, ESC, VSM, गाइडलाइन के साथ रियर कैमरा, टाइम प्रेशर मॉनिटरिंग सिस्टम, ऑल डिस्क ब्रेक्स के साथ वर्चुअल इंजन साउंड सिस्टम जैसे सेफ्टी फीचर्स दिए गए हैं।
      इसलिए भी है ये जरूरी है —
      पेट्रोल, डीजल से चलने वाली गाड़ियों से ध्वनि प्रदूषण, धुंए द्धारा हवा में छोड़ी गयी जहरीली गैस से पर्यावरण प्रदूषित हो गया है। जो
    2. कि हमारे लिए बहुत ही खतरनाक है। वहीं इलेक्ट्रिक गाड़ियों से इन सभी से छुटकारा मिलेगा।
      कच्चे तेल के निर्भरता में कमी :
      सरकारी आंकड़ों के अनुसार देश की कच्चे तेल के आयात पर निर्भरता 82.9 प्रतिशत से बढ़कर 83.7 प्रतिशत पर पहुंच गई है। यह आंकड़े बता रहे हैं कि भारत एक बहुत बड़ी रकम पेट्रोलियम पर खर्च कर रहा है। ऐसे में इलेक्ट्रिक व्हीकल के इस्तेमाल से भारत की इस निर्भरता को कम करने में मदद मिलेगी। इसके अलावा यदि आप इलेक्ट्रिक व्हीकल का ज्यादा से ज्यादा इस्तेमाल करते हैं, तो इससे बड़े स्तर पर नई नौकरियां पैदा होंगी। सरकार की यही कोशिश है, कि पेट्रोल और डीजल से चलने वाली गाड़ी को आगे आने वाले समय में हतोत्साहित किया जाये। इसीलिए सरकार इलेक्ट्रिक व्हीकल्स को बढ़ावा दे रही है। इसके लिए नीतियां बनाई जा रही है। इसलिए सरकार ने इसी महीने 2019 – 2020 के बजट में इलेक्ट्रिक व्हीकल्स के ऊपर GST 12% से घटा कर 5 % कर दी है। दिल्ली सरकार की योजना हर तीन किमी पर चार्जिंग स्टेशन बनाने और साथ ही साथ प्राइवेट चार्जिंग स्टेशन बनाने के लिए सब्सिडी देने की भी है। दिल्ली सरकार सब्सिडी के साथ-साथ सभी कैटेगरी में रोड टैक्स, रजिस्ट्रेशन फीस माफ जैसे फायदे देने पर विचार कर रही है। वहीं, ऊर्जा मंत्रालय ने 2023 तक चार्जिंग इन्फ्रा सेटअप योजना की घोषणा कर दी है। इसके अलावा कई निजी कंपनियां इसको लेकर पायलट प्रोजेक्ट पर काम भी कर रही हैं, ताकि और लोग ज्यादा से ज्यादा इसका इस्तेमाल करें इसके लिए संभावनाएं भी तलाश रही हैं। ऐसे में इलेक्ट्रिक व्हीकल के इस्तेमाल से भारत की इस निर्भरता को कम करने में मदद मिलेगी। इसके अलावा यदि लोग इलेक्ट्रिक व्हीकल का ज्यादा से ज्यादा इस्तेमाल करते हैं, तो इससे बड़े स्तर पर नई नौकरियां पैदा होंगी।
      जानते हैं इसकी परफॉर्मेंस के बारे में :
      किसी भी कार को उसकी परफॉर्मेंस से पता चलता है। अब सवाल यह उठता है, कि हाईवे और सिटी में इलेक्ट्रिक गाड़ी की परफॉर्मेंस कैसी है ? यह समझना जरूरी है, कि इलेक्ट्रिक गाड़ी हाई पावर और अत्यधिक कुशल इलेक्ट्रिक मोटर द्वारा संचालित होती हैं। बात अगर Hyundai KONA की एडवांस इलेक्ट्रिक टेक्नोलॉजी की करें तो यह पावरफुल परफॉर्मेंस के लिए जानी जाती है। यह 0 से 100 किलोमीटर की रफ्तार सिर्फ 9.7 सेकंड्स में पकड़ लेगी, जो परफॉर्मेंस के लिहाज से बेहतर है, और ड्राइविंग को मजेदार बनाएगी। इलेक्ट्रिक व्हीकल का इस्तेमाल करना ठीक वैसा ही है, जैसे आप फोन का इस्तेमाल करते हैं। एक बार फुल चार्ज करने के
      बाद आप कहीं भी हों, आपको समस्या नहीं आएगी। वैसे चार्जिंग की समस्या न हो इसके लिए Hyundai ने भी अपनी कार KONA में कई बेहतरीन फीचर्स दिए हैं। यह दो वर्जन (39.2 kWhऔर ६४ kWh) में उपलब्ध है। 39.2 kWh की बैटरी वाले वर्जन को फुल चार्ज करने पर 452 किलोमीटर की रेंज मिलेगी। वहीं ६४ kWh की बैटरी वाले वर्जन को एक बार चार्ज करने पर 480 ज्यादा किलोमीटर की रेंज मिलेगी। इसके अलावा आप इसकी बैटरी को आसानी से घर पर चार्ज कर सकेंगे। इसमें आपको इंडस्ट्री की सबसे अच्छी EV बैटरी मिलेगी, जो एडवांस सेफ्टी प्रोटेक्शन मैकेनिज्म से लैस होगी।
      Hyundai KONA भारत में उपलब्ध अन्य इलेक्ट्रिक व्हीकल्स की तुलना में बेहतर बैटरी टेक्नोलॉजी और कुशल पावर ट्रेन सिस्टम से लैस होगी। इलेक्ट्रिक व्हीकल्स को लेकर आम तौर पर लोगों में सबसे बड़ा डर बैटरी की लाइफ को लेकर होता है, लेकिन KONA EV के साथ ऐसा नहीं है। इसमें लंबे समय तक चलने वाली बैटरी दी गयी है। जिससे आप लंबी दूरी की यात्रा को आसानी से तय कर सकते हैं। यदि आप KONA के 39.2kWh बैटरी वाले वर्जन को फुल चार्ज करेंगे, तो यह 252 किलोमीटर की रेंज देगी यानी इतनी दूरी तय करेगी। इसकी बैटरी फास्ट चार्जिंग को सपोर्ट करेगी और इसे 54 मिनट में 80 प्रतिशत तक DC फास्ट चार्जर के जरिए चार्ज किया जा सकेगा। वहीं यदि आप AC चार्जर के जरिए इलेक्ट्रिक गाड़ी को चार्ज करते हैं तो पूरा चार्ज होने में करीब 6 घंटे का समय लग सकता है।
      मेंटेनेंस पर खर्चा :
      पेट्रोल-डीजल से चलने वाले वाहनों की तुलना में इलेक्ट्रिक व्हीकल्स की लागत दो से ढाई गुना अधिक होती है। हालांकि, जब
      आप इसे खरीदकर घर लाते हैं, तो इसका रनिंग और मेंटेनेंस कॉस्ट पारंपरिक वाहनों की तुलना में करीब एक-चौथाई ही होता है, अर्थात इसकी मेंटेनेंस लागत काफी कम होता है।
      सुरक्षा मानकों पर कितनी खरी :
      यदि कोई इलेक्ट्रिक व्हीकल चलाएगा तो उसके दिमाग में सुरक्षा का सवाल सबसे पहले आएगा। चाहे बात इलेक्ट्रिक शॉक की हो या फिर रासायनिक रिसाव की, EV चलाना पूरी तरह से सेफ है। वैसे सेफ्टी के मामले में Hyundai का स्कोर हमेशा ही अच्छा रहा है। यह बात इलेक्ट्रिक व्हीकल Hyundai KONA के साथ भी लागू होती है। इस कार में इंडस्ट्री की सबसे अच्छी EV बैटरी दी गई है। ये एडवांस प्रोटेक्शन मैकेनिज्म से लैस है। प्रतिकूल मौसम में इसे ड्राइव करना काफी सुरक्षित होगा।
      बेहतरीन डिज़ाइन :
      कार खरीदते समय सबसे पहले हम उसके डिजाइन से प्रभावित होते हैं। कार का फ्रंट, रियर, साइड प्रोफाइल और इंटीरियर कैसा है, कार खरीदते समय हम इस और जरूर ध्यान देते हैं। अब आप Hyundai KONA को ही ले लीजिए। यह एक
      SUV डिजाइन कार है, जो दिखने में बहुत ही एट्रैक्टिव लगती है। इसका डिजाइन अर्बन, स्टाइलिस्ट और फ्यूचरिस्टिक है। इसमें मॉर्डन कारों में दिए जाने वाले तमाम फीचर्स मिलेंगे। इसका अनोखा फ्रंट ग्रिल, हाई टेक फीचर्स और बोल्ड डिजाइन
      इसे एक बेहतरीन इलेक्ट्रिक व्हीकल बनाते हैं।
      आइये अपने पर्यावरण को सुरक्षित बनाने के लिए ज्यादा कीमत देनी भी पड़े, तो इलेक्ट्रिक व्हीकल्स को लेना जरूरी भी है।
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